तेज रफ्तार बस ने तीन युवकों को मारी ठोकर : पहले दी गई थी चेतावनी, फिर भी नहीं सुधरी उरगा-चांपा मार्ग की अव्यवस्था
कोरबा। उरगा थाना क्षेत्र अंतर्गत भारतमाला ओवरब्रिज के नीचे हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने एक बार फिर कोरबा-चांपा मुख्य मार्ग की बदहाल यातायात व्यवस्था की पोल खोल दी है। तेज रफ्तार बस की चपेट में आने से बाइक सवार तीन युवक गंभीर हादसे का शिकार हो गए, जिसमें एक की मौके पर मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हैं।
हैरानी की बात यह है कि इस हादसे की आशंका कुछ दिन पहले ही जताई गई थी। सड़क पर रॉन्ग साइड खड़े ट्रेलरों, अव्यवस्थित यातायात और भारी वाहनों की लंबी कतार को लेकर खबर प्रकाशित कर प्रशासन को आगाह किया गया था, लेकिन जिम्मेदार विभागों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया।
दो रास्ते, लेकिन ट्रैफिक नियंत्रण का कोई सिस्टम नहीं
स्थानीय लोगों के अनुसार, कोरबा-चांपा मुख्य मार्ग पर उरगा की ओर जाने वाला रास्ता और दूसरी तरफ कटकर निकलने वाला कोरबा-चटक-चांपा-कटघोरा मार्ग सीधे रिंग रोड क्षेत्र में जाकर मिलता है। दोनों दिशाओं से लगातार भारी वाहनों और आम यातायात का दबाव बना रहता है, लेकिन वहां ट्रैफिक नियंत्रण, संकेतक, सुरक्षा व्यवस्था और वाहन संचालन का कोई ठोस सिस्टम नहीं है।
यही वजह है कि ओवरब्रिज के नीचे का क्षेत्र लगातार हादसों का केंद्र बनता जा रहा है। तेज रफ्तार भारी वाहन, गोल मोड़ और दोनों ओर अव्यवस्थित खड़े ट्रेलरों के कारण वाहन चालकों को सामने से आने वाले वाहनों का अंदाजा तक नहीं लग पाता।
अदानी प्लांट के ट्रेलरों से बढ़ रही अव्यवस्था
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि अदानी पावर प्लांट में कोयला खाली करने के लिए ट्रेलरों की लंबी लाइन सड़क किनारे लगाई जाती है। वहीं दूसरी ओर पेट्रोलिंग और प्रवेश की प्रतीक्षा में भी भारी वाहन डबल लाइन में खड़े रहते हैं। कई ट्रेलर रॉन्ग साइड में खड़े होने से सड़क संकरी हो जाती है और दुर्घटना का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
लोगों का कहना है कि कई बार वाहन चालकों और संबंधित प्रबंधन को समझाइश दी गई कि इस तरह रॉन्ग साइड में भारी वाहन खड़े करना कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकता है, लेकिन अव्यवस्था जस की तस बनी रही।
अब बड़ा सवाल — जिम्मेदार कौन?
आज एक युवक की जान चली गई, दो जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही हैं, लेकिन सवाल अब भी वही है — आखिर इस लापरवाही का जिम्मेदार कौन है?
क्या केवल तेज रफ्तार बस चालक?
या फिर वह अव्यवस्थित सिस्टम, जहां भारी वाहनों की कतारें, रॉन्ग साइड पार्किंग और ट्रैफिक नियंत्रण की कमी लंबे समय से अनदेखी की जा रही है?
स्थानीय लोगों ने प्रशासन और ट्रैफिक विभाग से मांग की है कि भारतमाला ओवरब्रिज क्षेत्र में तत्काल स्थायी ट्रैफिक व्यवस्था लागू की जाए, रॉन्ग साइड खड़े ट्रेलरों पर कार्रवाई हो, भारी वाहनों के लिए अलग पार्किंग व्यवस्था बनाई जाए और दोनों मार्गों पर सुरक्षा संकेतक व नियंत्रण प्रणाली स्थापित की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की दर्दनाक घटनाओं को रोका जा सके।


