कोरबा में बुझ गया एक पिता का इकलौता सहारा: ASI रामनारायण रात्रे के बेटे चंद्रमणि रात्रे की मौत, 5 दिन पहले बोलेरो से कुचलकर किया गया था जानलेवा हमला — अब पुलिस की नाकामी पर फूटा गुस्सा
कोरबा के बुधवारी बायपास पर 5 दिन पहले आधी रात हुई सनसनीखेज वारदात ने अब एक परिवार की दुनिया उजाड़ दी है। बोलेरो सवार हमलावरों ने ASI रामनारायण रात्रे के इकलौते पुत्र चंद्रमणि रात्रे को बेरहमी से वाहन चढ़ाकर मौत के मुंह में धकेल दिया था। बिलासपुर से रायपुर तक जिंदगी की जंग लड़ते हुए आखिरकार चंद्रमणि हार गया और अस्पताल में उसने दम तोड़ दिया। हैरानी और गुस्से की बात यह है कि इतने बड़े कांड के 5 दिन गुजर जाने के बाद भी पुलिस न कोई ठोस सबूत जुटा सकी, न मुख्य आरोपियों को सलाखों तक पहुंचा पाई। अब सवाल सीधा है — जब पुलिस परिवार ही सुरक्षित नहीं, तो आम जनता कितनी सुरक्षित है?


